प्रधानमंत्री हर घर Free सौर चूल्हा योजना 2023|उज्जवला योजना के बाद हर घर करोड़ों गरीब परिवारों को दिए जाएंगे सौर ऊर्जा से चलने वाले चूल्हे:-

 

 

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के कार्यकाल में सबसे पहले प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना के तहत करोड़ों गरीब परिवारों को केंद्र सरकार ने फ्री में गैस सिलेंडर और चूल्हा उपलब्ध करवाया था, जो कि अभी तक इसके वितरण की प्रक्रिया चालू है और भारत के गरीब परिवारों को इस सुविधा से काफी फायदा हुआ है।

भारत में विशेषकर ग्रामीण महिलाओं को ध्यान में रखते हुए सरकार ने धुआं मुक्त  चूल्हा उपलब्ध कराने की जो मुहिम शुरू की थी उसका नेक्स्ट जनरेशन अब सरकार सौर ऊर्जा से चलने वाले चूल्हा को आमजन तक पहुंचाने के लिए पूरी तैयारी कर ली है। 

हर घर सौर चूल्हा योजना 6 फरवरी को होगी लॉन्च:-

 

इसके लिए सरकार ने उन सभी करोड़ों गरीब परिवारों को स्वच्छ इंधन देने के लिए अब स्वच्छ सौर ऊर्जा से चलने वाले चूहों को घर घर पहुंचाने की पूरी तैयारी कर ली है और इस योजना को 6 फरवरी को सरकार लांच भी करने जा रही है जिसका फायदा सीधे गरीब वर्ग के करोड़ों घर परिवारों को सीधे मिल पाएगी। यदि आप भी गरीबी रेखा की श्रेणी में आते हैं और इस फ्री सौर चूल्हा को सरकार से प्राप्त करना चाहते हैं तो यह आपको आपके ब्लॉक स्तर पर कुछ ही समय पर उपलब्ध हो जाएगा और सरकार द्वारा निर्देशित अधिकारियों के माध्यम से यह प्रत्येक गांव के गरीब परिवारों को दिया जाएगा जो इसके लिए योग्य लाभार्थी होंगे।

 

मध्यम वर्गीय परिवार भी 9 हजार से ₹10000 की कीमत में इन सौर ऊर्जा से चलने वाले चूल्हे को खरीद पाएंगे:-

 

केंद्र सरकार उज्जवला योजना के बाद अब ग्रहणी को एलपीजी से भी स्वच्छ और ऊर्जा सौर ऊर्जा से चलने वाले झूले उपलब्ध कराने की पूरी तैयारी कर चुकी है और पीएम नरेंद्र मोदी घर-घर सौर चुला योजना को मूर्त रूप देने के लिए सोमवार यानी 6 फरवरी 2023 को बेंगलुरु में इस महत्वकांक्षी योजना का शुभारंभ करने जा रहे हैं। एक रिपोर्ट के मुताबिक पीएम नरेंद्र मोदी बेंगलुरु में कई अन्य महत्वपूर्ण योजनाओं को भी लांच करेंगे यहां पर चलने वाले (इंडिया एनर्जी  वीक) IEW आई ई डब्ल्यू में वह हिस्सा लेने के दौरान ही सौर ऊर्जा के साथ- साथ 2 अन्य  महत्वपूर्ण योजनाओं का भी शुभारंभ करेंगे।

 

शुरुआत में 14 से ₹15000 हजार रूपये होगी सौर चूल्हे की कीमत: –

 

केंद्र सरकार द्वारा चलाई जा रही नई योजनाओं में सौर चूल्हा योजना की शुरुआती कीमत की जानकारी के लिए हमने कुछ महत्वपूर्ण जानकारी सूत्रों के मुताबिक मिली है जिनके अनुसार सौर ऊर्जा से चलने वाले चोरों की गरीब हुआ विकासशील देशों की तरफ से काफी मांग हो सकती है इसका ध्यान रखते हुए सरकार ने अभी इसकी कीमत तकरीबन 14 से ₹15000 निर्धारित की है लेकिन अगर सरकार की सब्सिडी का लोग इस्तेमाल करते हुए इस को खरीदना चाहते हैं तो उनको भारी डिस्काउंट के साथ 9 हजार रुपए से ₹10000 रूपये मात्र में वह इसको खरीद सकते हैं।

 

गरीबी रेखा से नीचे यापन करने वाले लोगों को नहीं देना होगा कोई शुल्क राशि: –

 

अभी तक मिली जानकारी के मुताबिक भारत सरकार उज्जवला योजना के बाद हर घर-घर सौर चूल्हा पहुंचाने की जो तैयारी में लगी हुई है उसका मूर्त रूप 6 फरवरी को मिलेगा जिसमें भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सोमवार को बेंगलुरु से इस महत्वाकांक्षी योजना का शुभारंभ करेंगे जिसके तहत गरीबी रेखा से नीचे यापन करने वाले प्रत्येक परिवार को वह घर-घर इस सौर चूल्हा योजना को पहुंचाएंगे जिससे कि गरीब आमजन इस योजना का लाभ उठा सके। लेकिन अभी देखने वाली यह बात होगी कि सरकार की तरफ से इस योजना में क्या अतिरिक्त प्रक्रिया और जोड़ी जाएगी क्योंकि अभी यह योजना अपनी शुरुआती चरण में है जैसे-जैसे इस योजना की संपूर्ण जानकारी सरकार की तरफ से दे दी जाएगी आप सभी तक वह जानकारी पहुंचा दी जाएगी जिससे कि सभी को इस योजना का समन्वित लाभ मिल सके।

 

नरेंद्र मोदी बेंगलुरु से इंडिया एनर्जी वीक के अंतर्गत इन दो बड़ी परियोजनाओं को भी लांच करेंगे: –

 

भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सोमवार को बेंगलुरु से इंडिया एनर्जी वीक के अंतर्गत जिन दो अन्य परियोजनाओं को लांच करेंगे उसके तहत पेट्रोल में 20% एथेनॉल मिलाने की पायलट परियोजना का भी शुभारंभ किया जाएगा। इसके अलावा दूसरी परियोजना में प्लास्टिक बोतलों से कपड़ा बनाने की योजना का भी शुभारंभ किया जाएगा।

इन सभी परियोजनाओं का उद्देश्य सरकार भारत देश के 13 राज्यों के 100 पेट्रोल पंपों पर यह सेवा पहले चरण में शुरू की जाएगी। यदि बात करें भारत देश में अभी 10% एथेनॉल मिश्रण की इजाजत सरकार की तरफ से दी गई है और सरकार ने वर्ष 2025 तक देश भर के 20 साल युक्त पेट्रोल की बिक्री का है लक्ष्य रखा है। भारत के पेट्रोलियम व प्राकृतिक गैस मंत्री हरदीप पुरी ने कहा है कि अगर सब कुछ अच्छा रहा तो यह लक्ष्य उससे पहले ही हासिल कर लिया जाएगा। अभी फिलहाल देश में 20% एथेनॉल मिश्रण करने के लिए देश में हर वर्ष एक हजार करोड़ लीटर एथेनॉल की जरूरत होती है जबकि वर्ष 2021 22 में देश में लगभग 455 करोड़ लीटर उत्पादन दर रही है।

 

Rate this post

Leave a Comment